गढ़-किल्लों की स्वच्छता एवं पुनुरुज्जीवन के लिए मनरेगा के सहयोग से विशेष मुहिम चलाई जाएगी

-पर्यटन एवं रोहयो मंत्री जयकुमार रावल रोजगार निर्मांण के साथ-साथ पर्यटन को भी गति मिलेगी

नागपुर : राज्य के महत्‍त्वपूर्ण ऐतिहासिक विरासत के गढ़-किल्लों की स्वच्छता करके इन किल्लों के पुनुरुज्जीवन के लिए मनरेगा तथा रोहयो औरपुरातत्व विभाग के सहयोग से विशेष मुहिम चलाई जाएगी। इससे रोजगार निर्माण होने साथ-साथ पर्यटन को भी गति मिलेगी, यह जानकारी पर्यटन एवं रोहयो मंत्री जयकुमार रावल ने आज यहाँ दी।

उन्होंने बताया कि इस मुहिम की सफलता के लिए जल्द ही शासन निर्णय निर्गमित किया जाएगा। मुहिम के संदर्भ में नियोजन करने की दुष्टि से मंत्री श्री. रावलकी अध्यक्षता में रवि भवन में बैठक हुई। इस बैठक में मुहिम की सफलता के लिए एवं क्रियान्वयन कैसे किया जाएँ, इस संदर्भ में विस्तार से नियोजन किए जाने कीसूचना भी उन्होंने संबंधित विभागों को दी।

बैठक में पर्यटन विभाग के प्रधान सचिव नितीन गद्रे, रोहयो विभाग के सचिव एकनाथ डवले, मनरेगा के आयुक्त ए. एस. आर. नायक, राज्य पुरातत्व विभागके संचालक तेजस गर्गे, पर्यटन विभाग के उपसचिव संजय भांडारकर आदि उपस्थित थे।

मंत्री श्री. रावल ने बताया कि यह मुहिम चलाने के लिए मनरेगा के अंतर्गत मजदूरों के द्वारा गढ़-किल्लों की साफ-सफाई की जाएगी। तकरीबन १०० दिनों में किल्लों की साफ-सफाई की जाएगी। साथ ही किल्लों के सौंदर्यीकरण के लिए किल्लों की स्वच्छता, दुरुस्ती, किल्ला परिसर में वृक्षारोपण, तालाबों कीस्वच्छता, पेड़ों की कटाई आदि काम भी किए जाएंगे।

राज्य में तकरीबन 450 गढ़-किल्ले है। उसमें से कई किल्लों के परिसर में बड़े पैमाने पर, वृक्ष, घाँस, बढ़ गई है। इन किल्लों को उनका सौंदर्य प्राप्त कराने के लिए किल्ले एवं किल्ले के परिसर की स्वच्छता रखना आवश्यक है। इसके लिए विशेष मुहिम के अंतर्गत केंद्र सरकार की मनरेगा, राज्य की रोजगार हमी योजना औरराज्य पुरातत्व विभाग की ओर से गढ़-किल्लों की स्वच्छता की जाएगी। यह मुहिम प्रभावपूर्ण चलाने के लिए इन विभागों ने नियोजन करने की सूचना भी मंत्री श्री. रावल ने बैठक में दी।